जालौन में कानून-व्यवस्था की धज्जियां उड़ाते हुए बदमाशों ने एक ऐसी वारदात को अंजाम दिया है, जिसने पुलिस की कार्यशैली पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। पहाड़गांव पुलिस चौकी से महज 100 मीटर की दूरी पर बाइक सवार तीन बदमाशों ने हथियार के बल पर एक दंपती को अपना निशाना बनाया।
क्या है पूरा मामला?
पहाड़गांव के रहने वाले दीपक सीरोठिया अपनी पत्नी सरिता के साथ वैरेरा गांव से त्रयोदशी के कार्यक्रम से वापस लौट रहे थे। नरी गांव के पास पहुंचते ही, तीन बदमाशों ने उनकी बाइक को घेर लिया। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, बदमाशों ने तमंचा सटाकर दंपती को धमकाया और जान से मारने की धमकी देकर उनके गहने और नकदी लूट ली।
चौकी के पास बेखौफ लुटेरे
हैरानी की बात यह है कि वारदात स्थल पुलिस चौकी के इतना करीब था, फिर भी बदमाशों को किसी का डर नहीं लगा। पीड़ित दंपती के अनुसार, बदमाशों ने सरिता का मंगलसूत्र और गहने छीन लिए, साथ ही दीपक के पर्स से 13 हजार रुपये नकदी भी ले उड़े। हालांकि, हड़बड़ाहट में गहनों के कुछ टुकड़े वहीं गिर गए जिन्हें बाद में स्थानीय लोगों ने बरामद किया।
पुलिस की कार्यशैली पर उठते सवाल
- सुरक्षा पर प्रश्नचिह्न: पुलिस चौकी के 100 मीटर के दायरे में सरेआम लूट पुलिस की गश्त व्यवस्था की पोल खोलती है।
- बदमाशों की पहचान: पीड़ित का कहना है कि बाइक चलाने वाले ने मुंह ढक रखा था, जबकि पीछे बैठे दो बदमाशों के चेहरे खुले थे।
- जांच का दायरा: सीओ परमेश्वर प्रसाद ने बताया कि पुलिस आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों को खंगाल रही है ताकि बदमाशों का सुराग मिल सके।
मायने और प्रभाव: जनता की सुरक्षा का क्या?
इस घटना ने जालौन के आम नागरिकों में भय का माहौल पैदा कर दिया है। जब पुलिस चौकी के नाक के नीचे बदमाश इतनी आसानी से वारदात को अंजाम देकर निकल सकते हैं, तो आम जनता की सुरक्षा का क्या? यह घटना न केवल एक आपराधिक मामला है, बल्कि पुलिस प्रशासन के लिए एक वेक-अप कॉल है। यदि समय रहते बदमाशों को नहीं पकड़ा गया, तो अपराध का ग्राफ और बढ़ सकता है। स्थानीय निवासियों में पुलिस की सक्रियता को लेकर गहरा आक्रोश है और वे अब इलाके में सघन गश्त की मांग कर रहे हैं।



