अगर आप अक्सर गोरखपुर से लखनऊ की यात्रा करते हैं, तो सहजनवा के पास लगने वाले भारी जाम ने निश्चित रूप से आपकी रफ्तार को ब्रेक जरूर लगाया होगा। लेकिन अब उन लोगों के लिए राहत की खबर है जो घंटों सड़क पर ट्रैफिक में फँसने के दर्द से गुजरते हैं। उत्तर प्रदेश सरकार और एनएचएआई (NHAI) ने इस प्रमुख कॉरिडोर पर जाम की समस्या को जड़ से खत्म करने के लिए 700 करोड़ रुपये की एक बड़ी परियोजना को मंजूरी दी है।
4.5 किलोमीटर का सफर, जाम से मुक्ति का रास्ता
सहजनवा में लगने वाले जाम से निजात दिलाने के लिए 4.5 किलोमीटर लंबा एक अत्याधुनिक एलिवेटेड फ्लाईओवर बनाया जाएगा। यह फ्लाईओवर 68 मजबूत पिलर्स पर खड़ा होगा और गैलेंट इस्पात के गेट से शुरू होकर कालेसर गांव में ग्राहक सेवा केंद्र तक जाएगा। यह निर्माण न केवल सड़क की क्षमता बढ़ाएगा, बल्कि यात्रा के समय को भी काफी कम कर देगा।
परियोजना की खास विशेषताएं
- चौड़ाई का विस्तार: फ्लाईओवर का 2 किमी हिस्सा चार लेन का होगा, जबकि थाना तिराहे से कालेसर गांव के बीच का 2.5 किमी हिस्सा छह लेन का बनाया जाएगा।
- सर्विस रोड: स्थानीय आवाजाही के लिए फ्लाईओवर के नीचे चौड़ी सर्विस रोड और जल निकासी के लिए 1.5 मीटर की नाली का निर्माण भी होगा।
- सुरक्षा और सौंदर्यीकरण: रात के सफर को सुरक्षित बनाने के लिए आधुनिक स्ट्रीट लाइटें लगाई जाएंगी और सड़क के दोनों ओर हरियाली के लिए पौधारोपण किया जाएगा।
मायने और प्रभाव
यह फ्लाईओवर केवल ईंट-पत्थर की संरचना नहीं है, बल्कि यह गोरखपुर के औद्योगिक और व्यापारिक विकास के लिए एक ‘लाइफलाइन’ साबित होगा। सहजनवा औद्योगिक क्षेत्र होने के नाते यहां भारी वाहनों की आवाजाही ज्यादा रहती है, जिससे जाम की स्थिति बनी रहती है। इस प्रोजेक्ट के पूरा होने से न केवल लॉजिस्टिक्स की रफ्तार बढ़ेगी, बल्कि यह स्थानीय व्यापार को भी नई गति देगा। एनएचएआई ने स्पष्ट किया है कि कागजी कार्रवाई पूरी होते ही निर्माण कार्य युद्धस्तर पर शुरू कर दिया जाएगा, जिससे भविष्य में गोरखपुर-लखनऊ के बीच की दूरी तय करना और भी आसान और सुखद हो जाएगा।

