कानपुर के चकेरी थानाक्षेत्र में एक ऐसी घटना सामने आई है जिसने रिश्तों की मर्यादा को तार-तार कर दिया है। एक पिता, जिसे परिवार का रक्षक होना चाहिए था, नशे की हालत में वह अपनी ही आठ साल की बेटी के लिए यमराज बन गया। इस घटना ने पूरे इलाके को झकझोर कर रख दिया है।
क्या है पूरा मामला?
मंगलवार की शाम चकेरी के एक घर में चीख-पुकार मच गई। नशे में धुत पिता ने अचानक अपनी मासूम बेटी पर चाकू से हमला करने की कोशिश की। जब बच्ची की मां उसे बचाने के लिए बीच-बचाव करने पहुंची, तो हैवान पिता ने उसे भी नहीं बख्शा। पत्नी की पीठ पर चाकू के गहरे निशान बन गए।
इतना ही नहीं, आरोपी पिता ने अपनी आठ साल की बेटी की पीठ पर दांतों से बुरी तरह काट लिया। महिला ने बड़ी मुश्किल से अपनी और अपनी बेटी की जान बचाई और फौरन चकेरी थाने पहुंचकर पुलिस में शिकायत दर्ज कराई।
पुलिस की कार्रवाई
थाना प्रभारी अजय प्रकाश मिश्र ने बताया कि शिकायत मिलते ही पुलिस हरकत में आ गई है। फिलहाल, मासूम बच्ची का मेडिकल परीक्षण कराया जा रहा है ताकि चोटों की गंभीरता को समझा जा सके। पीड़िता की तहरीर के आधार पर आरोपी पति के खिलाफ संबंधित धाराओं में रिपोर्ट दर्ज कर ली गई है और आगे की विधिक कार्रवाई जारी है।
मायने और प्रभाव
यह घटना समाज में नशाखोरी के बढ़ते खतरों की एक डरावनी तस्वीर पेश करती है। इसका सीधा असर न केवल उस परिवार पर पड़ा है, बल्कि यह क्षेत्र के अन्य निवासियों के लिए भी एक बड़ी चेतावनी है। घरेलू हिंसा और नशाखोरी का मेल बच्चों के मानसिक और शारीरिक स्वास्थ्य पर गहरा असर डालता है। स्थानीय प्रशासन के लिए यह समय है कि वह ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए ठोस कदम उठाए और पीड़ित परिवारों को सुरक्षा का भरोसा दिलाए।




