कानपुर के जाजमऊ इलाके में एक बड़ी लापरवाही ने फिर से प्रशासन के दावों की पोल खोल दी है। मंगलवार देर रात हिंदुस्तान कंपाउंड के पास सड़क पर मौत बनकर खुले सीवर के गड्ढे में एक डिलीवरी बॉय अपनी बाइक समेत जा समाया। यह हादसा इतना भयावह था कि युवक की नाक की हड्डी टूट गई और उसे गंभीर चोटें आईं।
अंधेरे और लापरवाही का मिला जुला परिणाम
पीड़ित युवक नितिन गुप्ता, जो डिलीवरी का काम करता है, रात के सन्नाटे में अपना ऑर्डर लेकर घर लौट रहा था। सड़क पर पर्याप्त स्ट्रीट लाइट न होने के कारण उसे करीब चार फीट गहरे गड्ढे का कोई अंदाजा नहीं मिला। बाइक सीधे गड्ढे में जा गिरी और युवक उसके नीचे दब गया। गनीमत रही कि हेलमेट पहनने की वजह से उसके सिर पर जानलेवा चोट नहीं आई।
गड्ढे का सच: सुरक्षा के नाम पर सिर्फ अनदेखी
स्थानीय लोगों के अनुसार, यह गड्ढा कोई नया नहीं है। यहाँ टेनरी वेस्ट की सीवर लाइन मरम्मत के लिए खोदी गई थी, लेकिन काम पूरा होने के बाद उसे भरना नगर निगम या संबंधित विभाग भूल गया। प्रमुख बिंदु:
- करीब 11 मीटर लंबा और 4 फीट गहरा गड्ढा पिछले 15 दिनों से खुला था।
- सड़क पर लाइट न होने से रात के समय यह मौत का जाल बना हुआ था।
- स्थानीय निवासियों का कहना है कि पहले भी कई बाइक सवार यहाँ गिरकर चोटिल हो चुके हैं।
सीसीटीवी में कैद हुआ हादसे का खौफ
यह पूरी घटना पास ही लगे एक सीसीटीवी कैमरे में कैद हो गई। फुटेज में साफ दिख रहा है कि कैसे डिलीवरी बॉय तेजी से आता है और बिना किसी चेतावनी संकेत के गड्ढे में समा जाता है। इस वीडियो के वायरल होने के बाद अब स्थानीय लोगों में नगर निगम के खिलाफ भारी आक्रोश है।
मायने और प्रभाव: आम जनता के लिए सबक
यह घटना केवल एक दुर्घटना नहीं, बल्कि कानपुर की लचर प्रशासनिक व्यवस्था का आइना है। सड़क बनाना जितना जरूरी है, उसकी सुरक्षा सुनिश्चित करना उससे भी अधिक महत्वपूर्ण है। इस हादसे के बाद अब स्थानीय लोग सवाल उठा रहे हैं कि क्या किसी की जान जाने के बाद ही अधिकारी जागेंगे? आम नागरिकों को चाहिए कि वे अपने क्षेत्र में ऐसी खतरनाक जगहों की तुरंत शिकायत करें और जनप्रतिनिधियों पर दबाव बनाएं ताकि सड़क हादसों का यह सिलसिला थम सके।





