"रोज नई ऊर्जा, नई सोच के साथ"

ताजा खबर पडरौना कुशीनगर उत्तर प्रदेश राजनीति क्रिकेट स्पोर्ट्स देश विदेश मौसम बॉलीवुड जॉब - एजुकेशन बिजनेस लाइफस्टाइल राशिफल आध्यात्मिक अन्य

सिटी इंस्टीट्यूट

ऑफ पैरामेडिकल कॉलेज

ADMISSION OPEN
DMLT | DPT | ऑपरेशन थियेटर टेक्निशियन
एवं अन्य पैरामेडिकल कोर्स
9984858492

यूपी का खूंखार अपराधी भानु प्रताप एनकाउंटर में ढेर, 40 मुकदमों का था बोझ, थर-थर कांपते थे जिले

उत्तर प्रदेश की पुलिस ने अपराध के एक बड़े अध्याय का अंत कर दिया है। कुख्यात अपराधी भानु प्रताप सिंह उर्फ बबलू, जो लंबे समय से पुलिस की नाक में दम किए हुए था, उसे यूपी एसटीएफ (STF) ने एक मुठभेड़ में ढेर कर दिया है। यह एनकाउंटर अयोध्या के महाराजगंज इलाके में देर रात हुआ, जिसने इलाके में फैले डर के साये को खत्म करने का काम किया है।

कौन था भानु प्रताप सिंह और क्यों था वह पुलिस के लिए सिरदर्द?

भानु प्रताप सिंह उर्फ बबलू, मूल रूप से गोरखपुर जिले के बेलघाट थाना क्षेत्र के विखानपुर गांव का निवासी था। उस पर हत्या, लूट, रंगदारी और कॉन्ट्रैक्ट किलिंग जैसे संगीन अपराधों के 40 से अधिक मामले दर्ज थे। वह केवल एक जिले तक सीमित नहीं था, बल्कि आजमगढ़, अंबेडकरनगर, गोरखपुर और अयोध्या जैसे चार जिलों की पुलिस के लिए वह एक बड़ी चुनौती बना हुआ था।

उसकी गिरफ्तारी सुनिश्चित करने के लिए पुलिस प्रशासन ने इनामों की झड़ी लगा दी थी। भानु प्रताप पर कुल 1.65 लाख रुपये का इनाम घोषित था, जिसमें एडीजी वाराणसी जोन, डीआईजी अयोध्या और एसएसपी अयोध्या द्वारा घोषित इनाम शामिल थे।

कैसे अंजाम तक पहुंचा कुख्यात अपराधी?

रविवार रात लगभग 11 बजे, एसटीएफ के निरीक्षक जेपी राय की टीम अयोध्या के एमी घाट के पास गश्त पर थी। वहां पुलिस और बदमाशों के बीच आमना-सामना हुआ, जिसमें भानु प्रताप को गोली लगी।

  • मुठभेड़ के दौरान भानु प्रताप का एक साथी मौके से फरार होने में कामयाब रहा।
  • एसटीएफ की टीम ने तत्परता दिखाते हुए घायल भानु प्रताप को तुरंत अस्पताल पहुंचाया।
  • मेडिकल कॉलेज दर्शननगर में इलाज के दौरान उसे मृत घोषित कर दिया गया।

मायने और प्रभाव: आम जनता के लिए क्या है यह खबर?

भानु प्रताप का खात्मा उत्तर प्रदेश में कानून-व्यवस्था के प्रति सरकार की सख्त नीति को दर्शाता है। एक ऐसा अपराधी जिस पर 40 से अधिक मुकदमे हों, उसका लंबे समय तक पुलिस की पकड़ से दूर रहना कानून व्यवस्था के लिए एक चुनौती था। इस एनकाउंटर का सीधा असर यह होगा कि अब उन इलाकों में व्यापारियों और आम लोगों में व्याप्त भय कम होगा, जो अक्सर रंगदारी और गैंगवार की खबरों से परेशान रहते थे। यह घटना उन सभी अपराधियों के लिए एक सख्त संदेश है जो राज्य की शांति भंग करने की फिराक में रहते हैं।

Join WhatsApp

Join Now

Join Telegram

Join Now

और पढ़ें

Leave a Comment