राजस्थान के आसमान से बरस रही आफत ने आम जनजीवन को अस्त-व्यस्त कर दिया है। ब्यावर से आई एक भयावह तस्वीर ने सबको चौंका दिया है, जहां एक मंदिर पर गिरी आसमानी बिजली ने इलाके में दहशत पैदा कर दी। मानसून की सक्रियता के चलते प्रदेश के बड़े हिस्से में अब भी मूसलाधार बारिश का दौर जारी है।
ब्यावर में कुदरत का कहर
ब्यावर में मंदिर पर गिरी बिजली की घटना ने स्थानीय लोगों को सहमा दिया है। गनीमत रही कि इस घटना में कोई बड़ा जान-माल का नुकसान नहीं हुआ, लेकिन इसने मौसम की गंभीरता को साफ जाहिर कर दिया है। अजमेर सहित आसपास के क्षेत्रों में लगातार हो रही रिमझिम बारिश ने तापमान में तो गिरावट ला दी है, लेकिन जलभराव की समस्या ने लोगों की मुश्किलें बढ़ा दी हैं।
IMD का अलर्ट: किन जिलों पर खतरा ज्यादा?
मौसम विभाग (IMD) ने राजस्थान के 24 जिलों के लिए अलर्ट जारी किया है। स्थिति को देखते हुए जालौर, पाली और सिरोही जैसे जिलों में भारी बारिश की चेतावनी दी गई है।
- ऑरेंज अलर्ट: विशेष रूप से उन इलाकों के लिए जहां अत्यधिक बारिश से बाढ़ के हालात बन सकते हैं।
- येलो अलर्ट: राज्य के 18 अन्य जिलों में मध्यम से भारी बारिश की संभावना जताई गई है।
- गुजरात का असर: राजस्थान के सीमावर्ती इलाकों के साथ-साथ गुजरात के कई शहरों में भी मानसून पूरी तरह सक्रिय है।
मायने और प्रभाव
इस बारिश का सीधा असर खेती और परिवहन व्यवस्था पर पड़ रहा है। किसानों के लिए यह नमी फसलों के लिहाज से तो फायदेमंद है, लेकिन अचानक बढ़ते जल स्तर से निचले इलाकों में रहने वाले परिवारों के लिए खतरा पैदा हो गया है। प्रशासन ने लोगों से सतर्क रहने और जलभराव वाले क्षेत्रों से दूर रहने की अपील की है। आने वाले 48 घंटे राज्य के लिए बेहद महत्वपूर्ण हैं, क्योंकि सिस्टम की दिशा अभी भी मानसून की गति पर निर्भर है।




