"रोज नई ऊर्जा, नई सोच के साथ"

ताजा खबर पडरौना कुशीनगर उत्तर प्रदेश राजनीति क्रिकेट स्पोर्ट्स देश विदेश मौसम बॉलीवुड जॉब - एजुकेशन बिजनेस लाइफस्टाइल राशिफल आध्यात्मिक अन्य

सिटी इंस्टीट्यूट

ऑफ पैरामेडिकल कॉलेज

ADMISSION OPEN
DMLT | DPT | ऑपरेशन थियेटर टेक्निशियन
एवं अन्य पैरामेडिकल कोर्स
9984858492

कानपुर: रिटायर्ड बैंक मैनेजर ने दोस्त के साथ किया 8.50 लाख का ‘खेल’, केस दर्ज

कानपुर में दोस्ती और भरोसे के रिश्ते को शर्मसार करने वाला एक मामला सामने आया है। किदवई नगर इलाके में एक रिटायर्ड बैंक मैनेजर पर अपने ही बचपन के दोस्त के लाखों रुपये हड़पने का गंभीर आरोप लगा है। इस घटना ने बैंकिंग सिस्टम की सुरक्षा और आपसी विश्वास पर कई सवाल खड़े कर दिए हैं।

क्या है पूरा मामला?

पीड़ित संजय त्रिपाठी, जो किदवई नगर में एक गेस्ट हाउस चलाते हैं, ने पुलिस को दी गई शिकायत में बताया कि उनके बचपन के दोस्त नीरज श्रीवास्तव बैंक ऑफ इंडिया (शुक्लागंज शाखा) से मैनेजर पद से रिटायर हुए हैं। आरोप है कि नीरज ने अपनी नौकरी के दौरान अपना ‘टारगेट’ पूरा करने के लिए संजय और उनके पूरे परिवार के नाम पर बैंक खाते खुलवाए थे।

संजय का आरोप है कि बैंक मैनेजर दोस्त ने उनकी और उनके परिवार की जानकारी के बिना खाते ऑपरेट किए। जब भी संजय ने अपनी पासबुक और चेकबुक की मांग की, तो नीरज बहाने बनाकर उन्हें टालते रहे।

ऐसे खुला धोखाधड़ी का राज

  • संदेह की शुरुआत: साल 2020 में एक सड़क हादसे के बाद जब पीड़ित परिवार ने अपने खातों की पड़ताल की, तो उन्हें पूरी सच्चाई पता चली।
  • अवैध लेनदेन: पता चला कि नीरज श्रीवास्तव ने सहमति के बिना संयुक्त खाते (Joint Accounts) खुलवाकर बचत और फिक्स्ड डिपॉजिट (FD) की रकम का हेरफेर किया है।
  • कुल नुकसान: पीड़ित के अनुसार, कुल 8.50 लाख रुपये की बड़ी रकम उनके खातों से निकाली गई है।

मायने और प्रभाव: आम आदमी के लिए सबक

यह मामला केवल एक धोखाधड़ी नहीं है, बल्कि उन लोगों के लिए एक बड़ी चेतावनी है जो आंख बंद करके अपने दस्तावेजों और बैंक खातों का प्रबंधन दूसरों को सौंप देते हैं। बैंकिंग क्षेत्र के जानकार मानते हैं कि कभी भी अपना ‘पासवर्ड’, ‘चेकबुक’ या ‘खाते का विवरण’ किसी भी व्यक्ति को नहीं देना चाहिए, चाहे वह कितना भी करीबी क्यों न हो।

फिलहाल, किदवई नगर पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए प्राथमिकी (FIR) दर्ज कर ली है। थाना प्रभारी विजय सिंह ने बताया कि बैंक स्टेटमेंट और ट्रांजैक्शन की गहन जांच की जा रही है। यदि आरोप सही साबित होते हैं, तो आरोपी रिटायर्ड मैनेजर पर कड़ी कानूनी कार्रवाई तय है।

Join WhatsApp

Join Now

Join Telegram

Join Now

Leave a Comment